बीकानेर। महाराजा गंगासिंह विश्वविद्यालय एवं बेसिक पीजी कॉलेज के संयुक्त तत्वावधान में 29 अप्रैल को अंतर्राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस का भव्य आयोजन किया गया। यह सम्मेलन हाइब्रिड मोड (ऑनलाइन व ऑफलाइन) में आयोजित हुआ, जिसमें देश-विदेश के विशेषज्ञों, शिक्षाविदों, शोधार्थियों और विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
इस कॉन्फ्रेंस में 500 से अधिक प्रतिभागियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य विज्ञान, समाज और सतत विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श कर समकालीन चुनौतियों के समाधान तलाशना रहा। आयोजन के दौरान चार तकनीकी सत्र आयोजित किए गए, जिनमें विभिन्न विषयों पर विशेषज्ञों ने अपने शोध पत्र और विचार प्रस्तुत किए। इन सत्रों में तकनीकी नवाचार, पर्यावरणीय संतुलन, सामाजिक विकास और वैश्विक परिप्रेक्ष्य में शिक्षा जैसे मुद्दों पर गहन चर्चा हुई।
सम्मेलन में अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय स्तर के कई प्रतिष्ठित वक्ताओं ने भाग लिया। इनमें अमेरिका स्थित Deutsche Bank के निदेशक पंकज ओझा, राष्ट्रीय सुपरकम्प्यूटिंग मिशन निदेशालय की वर्टिकल हेड डॉ. मंगला एन., राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान दिल्ली के प्रोफेसर एवं डीन डॉ. उज्ज्वल कुमार कल्ला, शिक्षा मंत्रालय भारत सरकार के इनोवेशन सेल के निदेशक मोहित गंभीर तथा सैद्धांतिक भौतिकी, गणित एवं दर्शनशास्त्र के विशेषज्ञ प्रोफेसर देव अरस्तू पंचारिया प्रमुख रहे।
इसके अलावा आचार्य मनोज दीक्षित, डॉ. अखिल रंजन गर्ग, डॉ. सुमन्त व्यास, डॉ. राजेन्द्र बाबू दुबे, संभागीय आयुक्त विश्राम मीणा एवं बीकानेर रेंज के आईजी ओमप्रकाश सहित कई गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति ने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई।
कॉन्फ्रेंस के संबंध में जानकारी देते हुए बेसिक पीजी कॉलेज के चेयरमैन रामजी व्यास और निदेशक अमित व्यास ने बताया कि यह आयोजन शोध, नवाचार और वैश्विक ज्ञान के आदान-प्रदान को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के आयोजन से विद्यार्थियों और शोधार्थियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर के विशेषज्ञों से सीखने और अपने विचार साझा करने का अवसर मिलता है।
कार्यक्रम के समापन पर प्रतिभागियों ने इसे अत्यंत उपयोगी और ज्ञानवर्धक बताया तथा भविष्य में भी ऐसे आयोजनों की आवश्यकता पर जोर दिया।




























